देहरादून। वर्ल्ड स्किन हेल्थ डे 2025 की थीम इस बार है, त्वचा की सेहत के बिना संपूर्ण स्वास्थ्य संभव नहीं, जो इस बात पर जोर देती है कि स्किन केयर सिर्फ क्रीम और लोशन तक सीमित नहीं है, बल्कि इसकी शुरुआत हमारे खान-पान से होती है। कैलिफोर्निया आमंड्स, जो विटामिन ई और हेल्दी फैट्स से भरपूर होते हैं, त्वचा को अंदर से पोषण देकर इसे स्वस्थ और दमकता बनाए रखने में मदद करते हैं।
कैलिफोर्निया आमंड्स 15 जरूरी पोषक तत्वों का बेहतरीन स्रोत हैं, जिनमें से कई त्वचा की रंगत और बनावट सुधारने में असरदार माने जाते हैं। इनमें मौजूद विटामिन ई और हेल्दी फैट्स त्वचा को उम्र के असर से बचाने वाले एंटी-एजिंग गुणों से भरपूर होते हैं। रिसर्च से यह भी सामने आया है कि नियमित रूप से बादाम खाने से चेहरे की झुर्रियों को कम किया जा सकता है। यानी ब्यूटी रूटीन में बादाम को शामिल करना आसान और असरदार तरीका हो सकता है। केवल आधुनिक पोषण विज्ञान ही नहीं, बल्कि आयुर्वेद, सिद्ध और यूनानी जैसी पारंपरिक चिकित्सा पद्धतियां भी बादाम को त्वचा के लिए लाभकारी मानती रही हैं। सदियों पुरानी इन परंपराओं में बादाम को त्वचा की प्राकृतिक चमक बढ़ाने वाला माना गया है कृ जो आज की वेलनेस सोच से भी पूरी तरह मेल खाता है। हाल की रिसर्च में यह भी पता चला है कि रोजाना बादाम का सेवन यूवीबी किरणों से त्वचा को बचाने में मददगार हो सकता है, जो भारत जैसी तेज धूप वाले देशों में और भी उपयोगी है।
